Taiga Flycatcher, January 2026.
A migratory bird to central India from Taiga, Siberia.
Taiga Flycatcher, January 2026.
A migratory bird to central India from Taiga, Siberia.
बाँधो न नाव इस ठाँव, बंधु!
पूछेगा सारा गाँव, बंधु!
यह घाट वही जिस पर हँसकर,
वह कभी नहाती थी धँसकर,
आँखें रह जाती थीं फँसकर,
कँपते थे दोनों पाँव, बंधु!
मेरा प्रेम
दूर गगन में
उड़ती चिड़ियों सा
होता है।
किसी रीत को माने बिन वो,
सभी लीक का बंधन तोड़े,
उड़ता तेरी ओर सदा ही
तेरी छाया में सुस्ताने
तेरी आँखों का जल पीने
तेरे वक्षस्थल में कुछ
दाने चुग लेगा,
लेकिन तेरे बंधन से भी
बंधना चाहे नहीं जो ऐसा
मेरा प्रेम
दूर गगन में
उड़ती चिड़ियों सा
होता है।
पूरी नज़्म सुनोगी, मेरी आवाज़ में ? अब कैसे सुनोगी, जब सारे पुल ही जला दिए तुमने?
खैर, कभी दिल भटक जाए तो मैं तुमको पुल के उसी वीरान किनारे पर मिलूंगा, जहाँ सब कुछ जल चुका है।।